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आतंकवाद को बढ़ने नही देंगे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी
दिल्ली | आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करने की हिमायत करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज पांच सदस्यीय ब्रिक्स देशों के नेताओं से कहा कि वे अभी जो कुछ चुनेंगे वह अंतत: विश्व का भविष्य तय करेगा। ब्राजील, रूस, चीन, भारत और दक्षिण अफ्रीका, पांच देशों की शिखर बैठक को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि अफगानिस्तान से अफ्रीका तक का क्षेत्र अशांति और संघर्ष के दौर से गुजर रहा है और जिन देशों को यह सब झेलना पड़ रहा है उनकी दशा पर मूक दर्शक बने रहने के गंभीर परिणाम होंगे। पहली बार इस शिखर बैठक में भाग ले रहे मोदी ने कहा, ‘‘मेरा दृढ़ विश्वास है कि आतंकवाद, किसी भी रूप और आकार में हो, मानवता के खिलाफ है। आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि आज हम जो चुनेंगे वह न केवल हमारे देश का भविष्य तय करेगा बल्कि कुल मिलाकर पूरे विश्व का भविष्य तय करेगा। प्रधानमंत्री ने साइबर जगत के मुद्दे का जिक्र किया और कहा, ‘‘साइबर जगत अनेक अवसरों का स्त्रोत है लेकिन साइबर सुरक्षा एक अहम चिंता का विषय बन चुका है। मोदी ने कहा कि ब्रिक्स देशों को साइबर क्षेत्र क समान वैश्विक हित के लिए बनाये रखने के मामले में अगुवाई करनी चाहिए। मोदी ने यह कहते हुए एक ‘‘खुली, नियम आधारित, अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था’’ की वकालत की कि यह वैश्विक आर्थिक वृद्धि के लिए अहम है। प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘इसे (वैश्विक आर्थिक वृद्धि को) विकासशील दुनिया की आकांक्षाओं पर जरूर खरा उतरना चाहिए और हमारे समाज, खासकर खाद्य सुरक्षा जैसे क्षेत्रों, के सबसे ज्यादा कमजोर वर्गों की विशेष जरूरतों को पूरा करना चाहिए।’’ मोदी ने कहा कि वह एक ऐसी सरजमीं से ताल्लुक रखते हैं जहां ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ के मूल्यों का महत्व है। उन्होंने कहा, ‘‘हम सभी प्रकृति की देन में हिस्सेदारी कर सकते हैं। हालांकि, प्रकृति का दोहन एक अपराध है।’’ भारत के संदर्भ में प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘वृद्धि के रास्ते में बाधा डाले बगैर हम अपने विकास की निरंतरता बनाए रखने के लिए स्वच्छ एवं मितव्ययी तरीके से संसाधनों का इस्तेमाल करेंगे।’’
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दिनांक : 16 July 2014 11:21:18 द्वारा : GNN Bureau पसंद करे :
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