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राफेल विवाद के बीच हुआ भारत और फ्रांस के बीच बड़ा नौसेना सैन्य अभ्यास 1 मई से
GNN Bureau| भारत और फ्रांस के बीच अब तक का सबसे बड़ा सैन्य अभ्यास अगले महीने से शुरू हो रहा है। राफेल डील को लेकर देश में चल रहे विवाद के बीच दोनों देश सैन्य और रणनीतिक साझीदारी को अगले स्तर पर ले जाने की तैयारी कर रहे हैं। गोवा में होनेवाले इस सैन्य अभ्यास में कई पनडुब्बियां और युद्धक उपकरणों का प्रयोग होगा।
भारत और फ्रांस के बीच अब तक का सबसे बड़ा नौसेना अभ्यास अगले महीने से शुरू होने जा रहा है। 59 हजार करोड़ रुपये के राफेल सौदे को लेकर देश की राजनीति में बीजेपी और कांग्रेस आमने-सामने हैं। मोदी सरकार और कांग्रेस के बीच चल रही इस राजनीतिक घमासान से अलग भारत और फ्रांस रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने के लिए यह संयुक्त अभ्यास कर रहे हैं। इस सैन्य अभ्यास में एयरक्राफ्ट कैरियर, विनाशक, पनडुब्बी आदि भी बेड़े में शामिल होंगे। 
भारतीय रक्षा सूत्रों का कहना है कि दोनों देश अपने एयरक्राफ्ट कैरियर का इस्तेमाल करेंगे। वरुण अभ्यास के तहत गोवा और करवर में 1 मई से संयुक्त सैन्य अभ्यास शुरू होगा। भारत की तरफ से आईएनएस विक्रमादित्य और मिग-29k फाइटर के साथ एफएनएश चार्ल डि गुएल के साथ राफेल-एम नौसेना जेट और दूसरे युद्धक उपकरणों का प्रयोग अभ्यास के दौरान किया जाएगा। 
एक वरिष्ठ रक्षा सूत्र ने हमारे सहयोगी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया, 'यह एक उच्च स्तरीय नौसेना अभ्यास होगा, इसमें ग्रुप ऑपरेशन के साथ ही ऐंटी सबमरीन युद्ध रणनीतियों का अभ्यास किया जा सकता है। भारत और फ्रांस मिलकर हिंद महासागर क्षेत्र में रणनीतिक विजन के तहत आपसी सहयोग बढ़ाने की दिशा में सक्रिय कदम उठाने की योजना पर 2018 से ही काम कर रहे हैं।' 
फ्रांस और अमेरिका के साथ सैन्य सहयोग बढ़ाने के पीछे भारत की चीन को साधने की भी योजना है। फ्रांस का एक नौसेना स्टेशन यूएई के अबु धाबी में भी है। इसके साथ ही दक्षिण-पूर्वी अफ्रीका में भी अपना नौसेना स्टेशन स्थापित किया है। अमेरिका और फ्रांस के साथ भारत की रणनीतिक साझीदारी के कूटनीतिक लक्ष्य भी हैं। हिंद महासागर क्षेत्र में चीन के बढ़ते दखल को रोकने के लिए भारत अपनी स्थिति मजबूत कर रहा है। इस क्षेत्र में चीन अपनी ताकत बढ़ाने पर जोर दे रहा है और दिबयोती में अपना पहला सैन्य बेड़ा अगस्त 2017 में स्थापित किया। 
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दिनांक : 18 April 2019 11:12:56 द्वारा : GNN Bureau पसंद करे :
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TAGS : # राफेल विवाद , # भारत , # फ्रांस , # नौसेना
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